Acharya Manoj Awasthi Ji Maharaj

चलिए गरमागरम पकौड़े कहते है

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चलिये फिर सचमुच पकौड़ा बनाने की एक विधि वितरित कर ली जाये ।
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  • 1.चने की दाल पाँच घंटों तक पानी में भीगी रखें
  • 2-फिर छलनी में रख दें कुछ देर ,
  • 3-जब बूँदे टपकनी बिलकुल बंद हो जायें तब मिक्सी या सिलबट्टे से यथासंभव बारीक पीस लें ।
  • 4-प्याज लच्छेदार कतरें ,अधिक बारीक ना करें जूलियन कर लें
  • 5-हरे पत्ते लहसुन के उपलब्ध हों और हरे पत्ते प्याज के तो वे भी बारीक कतर लें
  • 6-सौंफ चम्मच भर
  • 7-हरी देसी धनिया कतर ले बारीक
  • 8-पालक के पत्ते और सोँआँ के पत्ते कतर लें
  • 9-आप चाहें तो इसमें अदरक ग्रेट करके मिला सकतीं हैं
  • 10-हरी सब्जियाँ जैसे गोभी पत्ता ,ब्रोकोली ,मटर का दरदरा पेस्ट, नये आलू भी बारीक कतर कर मिला सकतीं हैं
  • 11-सारी सामग्री खूब अच्छे से मिला लें पानी ना डालें
    देखें कि गोलें बन रहें हैं या नहीं
  • 12-नमक अपनी इच्छानुसार डाल लें
  • 13-तेज मिर्ची यदि खाते हैं तो हरी मिर्ची कतर कर बारीक मिलायें अगर मिरची कम खाते हैं तो हरी मिर्ची को लंबाई में बारीक चार भागों में चीर कर मिलायें ताकि उसका स्वाद आ जाये और खाते समय निकाली जा सके ।
  • 14-एक आँवले के बराबर के गोले बनाकर  सरसों के गरम तेल में धीरे धीरे सुनहरे होने तक तलकर टिॆशू  पर निकालें ताकि अतिरिक्त तेल कम हो ।
    अब चाहें तो गाढ़े फेंटे हुये दही के साथ या घर की बनी सब्जी के साथ या हरी चटनी अथवा साॅस या चाय काॅफी के साथ “जीमें ,
    और हाँ बनाने पर कैसे लगे हमें अवश्य बतायें । यह स्वाद बेसन के पकौड़ों में नहीं आयेगा ।
    और एक बात कि आप दो चार दिन तक इनको रख सकते हैं और मसालेदार सब्जी रसेवाली बना कर सब्जी भी दाल कोफ्ते बना सकते हैं पनीर वाली ।
       -सुधा राजे

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